रविवार, 25 नवंबर 2018

कभी तानों में कटेगी,
कभी तारीफों में;
ये जिंदगी है यारों,
पल पल घटेगी !
पाने को कुछ नहीं,
ले जाने को कुछ नहीं;
फिर भी क्यों चिंता करते हो !
इससे सिर्फ खूबसूरती घटेगी,
ये जिंदगी है यारों पल पल घटेगी !!

बार बार रफू करता रहता हूँ,
...जिन्दगी की जेब !!
कम्बखत फिर भी, निकल जाते हैं...,
खुशियों के कुछ लम्हें !!

ज़िन्दगी में सारा झगड़ा ही...
ख़्वाहिशों का है !!
ना तो किसी को गम चाहिए,
ना ही किसी को कम चाहिए !!

खटखटाते रहिए दरवाजा...,
एक दूसरे के मन का;
मुलाकातें ना सही,
आहटें आती रहनी चाहिए !!

उड़ जाएंगे एक दिन ...,
तस्वीर से रंगों की तरह!
हम वक्त की टहनी पर...,
बेठे हैं परिंदों की तरह !!

बोली बता देती है,इंसान कैसा है!
बहस बता देती है, ज्ञान कैसा है!
घमण्ड बता देता है, कितना पैसा है !
संस्कार बता देते है, परिवार कैसा है !!

ना राज़* है... "ज़िन्दगी",
ना नाराज़ है... "ज़िन्दगी";
बस जो है, वो आज है, ज़िन्दगी!

मिलने को तो हर शख्स,
हमसे बड़ा एहतराम से मिला,
पर जो भी मिला...,
किसी ना किसी काम से मिला !!

जीवन की किताबों पर,
बेशक नया कवर चढ़ाइये;
पर...बिखरे पन्नों को,
पहले प्यार से चिपकाइये !!!

शनिवार, 17 नवंबर 2018

V

*Krill oil*  with meal 2 capsules for two month n then 1 capsule per day for maintenance.

*Flaxseed* 1 capsule twice daily after meal.

*L-Arginine* 1sachet with one glass of water empty stomach.

*CoQ10* 1capsule twice daily after meal.

*Calcium* 2-4 capsules per day after meal.

*Glucosamine* 1capsule thrice daily after meal.

*Spirulina* 1-2 capsule after/before meal.

*Noni* 1-2 capsules before meal.

*Alovera* 1-2 capsule daily after meal.

*Amla* 1-2 capsule daily after meal.

*Colostrum* 1-2 capsules daily after meal.

*Ganoderma* 1-2 Capsule per day before after meal.

*Fibre* 1 tablespoon with glass of water before meal.

*Hoodia plus* 1capsule before meal.

*Protein* one tablespoon.

*Neem* 1-2 capsule before after meal.

*Stevia* replace it with sugar.

*Glucohealth* 2capsules thrice daily before meal.

*Procard* 1-2 capsules twice daily after meal.

*Toxclean* 1capsule thrice daily after meal.

*Vital complex* 1 Capsule twice daily before meals.

*Liverhealth* 1capsule thrice daily after meal.

*Kidneyhealth* 1capsule thrice daily after meal.

*Respocare* 1capsule thrice daily after meal.

शुक्रवार, 9 नवंबर 2018

*कृपया जीवन की*
*अति महत्वपूर्ण बातें*जरूर पड़े*

🌸1. घर में सेवा पूजा करने वाले जन भगवान के एक से अधिक स्वरूप की सेवा पूजा कर सकते हैं ।

🌸2. घर में दो शिवलिंग की पूजा ना करें तथा पूजा स्थान पर तीन गणेश जी नहीं रखें।

🌸3. शालिग्राम जी की बटिया जितनी छोटी हो उतनी ज्यादा फलदायक है।

🌸4. कुशा पवित्री के अभाव में स्वर्ण की अंगूठी धारण करके भी देव कार्य सम्पन्न किया जा सकता है।

🌸5. मंगल कार्यो में कुमकुम काo तिलक प्रशस्त माना जाता हैं।

🌸6.  पूजा में टूटे हुए अक्षत के टूकड़े नहीं चढ़ाना चाहिए।

🌸7. पानी, दूध, दही, घी आदि में अंगुली नही डालना चाहिए। इन्हें लोटा, चम्मच आदि से लेना चाहिए क्योंकि नख स्पर्श से वस्तु अपवित्र हो जाती है अतः यह वस्तुएँ देव पूजा के योग्य नहीं रहती हैं।

🌸8. तांबे के बरतन में दूध, दही या पंचामृत आदि नहीं डालना चाहिए क्योंकि वह मदिरा समान हो जाते हैं।

🌸9. आचमन तीन बार करने का विधान हैं। इससे त्रिदेव ब्रह्मा-विष्णु-महेश प्रसन्न होते हैं।

🌸10.  दाहिने कान का स्पर्श करने पर भी आचमन के तुल्य माना जाता है।

🌸11. कुशा के अग्रभाग से दवताओं पर जल नहीं छिड़के।

🌸12. देवताओं को अंगूठे से नहीं मले।

🌸13. चकले पर से चंदन कभी नहीं लगावें। उसे छोटी कटोरी या बांयी हथेली पर रखकर लगावें।

🌸15. पुष्पों को बाल्टी, लोटा, जल में डालकर फिर निकालकर नहीं चढ़ाना चाहिए।

🌸16. श्री भगवान के चरणों की चार बार, नाभि की दो बार, मुख की एक बार या तीन बार आरती उतारकर समस्त अंगों की सात बार आरती उतारें।

🌸17. श्री भगवान की आरती समयानुसार जो घंटा, नगारा, झांझर, थाली, घड़ावल, शंख इत्यादि बजते हैं उनकी ध्वनि से आसपास के वायुमण्डल के कीटाणु नष्ट हो जाते हैं। नाद ब्रह्मा होता हैं। नाद के समय एक स्वर से जो प्रतिध्वनि होती हैं उसमे असीम शक्ति होती हैं।

🌸18. लोहे के पात्र से श्री भगवान को नैवेद्य अपर्ण नहीं करें।

🌸19. हवन में अग्नि प्रज्वलित होने पर ही आहुति दें।

🌸20. समिधा अंगुठे से अधिक मोटी नहीं होनी चाहिए तथा दस अंगुल लम्बी होनी चाहिए।

🌸21. छाल रहित या कीड़े लगी हुई समिधा यज्ञ-कार्य में वर्जित हैं।

🌸22.  पंखे आदि से कभी हवन की अग्नि प्रज्वलित नहीं करें।

🌸23. मेरूहीन माला या मेरू का लंघन करके माला नहीं जपनी चाहिए।

🌸24.  माला, रूद्राक्ष, तुलसी एवं चंदन की उत्तम मानी गई हैं।

🌸25. माला को अनामिका (तीसरी अंगुली) पर रखकर मध्यमा (दूसरी अंगुली) से चलाना चाहिए।

🌸26.जप करते समय सिर पर हाथ या वस्त्र नहीं रखें।

🌸27. तिलक कराते समय सिर पर हाथ या वस्त्र रखना चाहिए।

🌸28. माला का पूजन करके ही जप करना चाहिए।

🌸29. ब्राह्मण को या द्विजाती को स्नान करके तिलक अवश्य लगाना चाहिए।

🌸30. जप करते हुए जल में स्थित व्यक्ति, दौड़ते हुए, शमशान से लौटते हुए व्यक्ति को नमस्कार करना वर्जित हैं।

🌸31.  बिना नमस्कार किए आशीर्वाद देना वर्जित हैं।

🌸32.  एक हाथ से प्रणाम नही करना चाहिए।

🌸33.  सोए हुए व्यक्ति का चरण स्पर्श नहीं करना चाहिए।

🌸34. बड़ों को प्रणाम करते समय उनके दाहिने पैर पर दाहिने हाथ से और उनके बांये पैर को बांये हाथ से छूकर प्रणाम करें।

🌸35. जप करते समय जीभ या होंठ को नहीं हिलाना चाहिए। इसे उपांशु जप कहते हैं। इसका फल सौगुणा फलदायक होता हैं।

🌸36. जप करते समय दाहिने हाथ को कपड़े या गौमुखी से ढककर रखना चाहिए।

🌸37. जप के बाद आसन के नीचे की भूमि को स्पर्श कर नेत्रों से लगाना चाहिए।

🌸38. संक्रान्ति, द्वादशी, अमावस्या, पूर्णिमा, रविवार और सन्ध्या के समय तुलसी तोड़ना निषिद्ध हैं।

🌸39. दीपक से दीपक को नही जलाना चाहिए।

🌸40. यज्ञ, श्राद्ध आदि में काले तिल का प्रयोग करना चाहिए, सफेद तिल का नहीं।

🌸41. शनिवार को पीपल पर जल चढ़ाना चाहिए। पीपल की सात परिक्रमा करनी चाहिए। परिक्रमा करना श्रेष्ठ है, किन्तु रविवार को परिक्रमा नहीं करनी चाहिए।

🌸42. कूमड़ा-मतीरा-नारियल आदि को स्त्रियां नहीं तोड़े या चाकू आदि से नहीं काटें। यह उत्तम नही माना गया हैं।

🌸43. भोजन प्रसाद को लाघंना नहीं चाहिए।

🌸44.  देव प्रतिमा देखकर अवश्य प्रणाम करें।

🌸45. किसी को भी कोई वस्तु या दान-दक्षिणा दाहिने हाथ से देना चाहिए।

🌸46. एकादशी, अमावस्या, कृृष्ण चतुर्दशी, पूर्णिमा व्रत तथा श्राद्ध के दिन क्षौर-कर्म (दाढ़ी) नहीं बनाना चाहिए ।

🌸47. बिना यज्ञोपवित या शिखा बंधन के जो भी कार्य, कर्म किया जाता है, वह निष्फल हो जाता हैं।

🌸48. यदि शिखा नहीं हो तो स्थान को स्पर्श कर लेना चाहिए।

🌸49. शिवजी की जलहारी उत्तराभिमुख रखें ।

🌸50. शंकर जी को बिल्वपत्र, विष्णु जी को तुलसी, गणेश जी को दूर्वा, लक्ष्मी जी को कमल प्रिय हैं।

🌸51. शंकर जी को शिवरात्रि के सिवाय कुंुकुम नहीं चढ़ती।

🌸52. शिवजी को कुंद, विष्णु जी को धतूरा, देवी जी  को आक तथा मदार और सूर्य भगवानको तगर के फूल नहीं चढ़ावे।

🌸53 .अक्षत देवताओं को तीन बार तथा पितरों को एक बार धोकर चढ़ावंे।

🌸54. नये बिल्व पत्र नहीं मिले तो चढ़ाये हुए बिल्व पत्र धोकर फिर चढ़ाए जा सकते हैं।

🌸55. विष्णु भगवान को चांवल, गणेश जी  को तुलसी, दुर्गा जी और सूर्य नारायण  को बिल्व पत्र नहीं चढ़ावें।

🌸56. पत्र-पुष्प-फल का मुख नीचे करके नहीं चढ़ावें, जैसे उत्पन्न होते हों वैसे ही चढ़ावें।

🌸57.  किंतु बिल्वपत्र उलटा करके डंडी तोड़कर शंकर पर चढ़ावें।

🌸58. पान की डंडी का अग्रभाग तोड़कर चढ़ावें।

🌸59. सड़ा हुआ पान या पुष्प नहीं चढ़ावे।

🌸60. गणेश को तुलसी भाद्र शुक्ल चतुर्थी को चढ़ती हैं।

🌸61. पांच रात्रि तक कमल का फूल बासी नहीं होता है।

🌸62. दस रात्रि तक तुलसी पत्र बासी नहीं होते हैं।

🌸63. सभी धार्मिक कार्यो में पत्नी को दाहिने भाग में बिठाकर धार्मिक क्रियाएं सम्पन्न करनी चाहिए।

🌸64. पूजन करनेवाला ललाट पर तिलक लगाकर ही पूजा करें।

🌸65. पूर्वाभिमुख बैठकर अपने बांयी ओर घंटा, धूप तथा दाहिनी ओर शंख, जलपात्र एवं पूजन सामग्री रखें।

🌸66.  घी का दीपक अपने बांयी ओर तथा देवता को दाहिने ओर रखें एवं चांवल पर दीपक रखकर प्रज्वलित करें।
🌿🌸आप सभी के श्री चरणों में प्रार्थना है अगर हो सके तो और लोगों को भी  आप इन महत्वपूर्ण बातों से अवगत करा सकते है

सोमवार, 5 नवंबर 2018

*धन की परिभाषा*

👌जब कोई बेटा या बेटी ये कहे कि मेरे माँ बाप ही मेरे भगवान् है….ये है “धन”*👍

👌जब कोई माँ बाप अपने बच्चों के लिए ये कहे कि ये हमारे कलेजे की कोर हैं….ये है “धन”* 👍

👌शादी के 19 साल बाद भी अगर पति पत्नी एक दूसरे से कहें ।
I Love you…
*ये है “धन”* 👍

👌कोई सास अपनी बहु के लिए कहे कि ये मेरी बहु नहीं बेटी है और कोई बहु अपनी सास के लिए कहे कि ये मेरी सास नहीं मेरी माँ है……
*ये है “धन”*👍

👌जब कोई अतिथि कुछ दिन आपके घर रहने के पशचात् जाते समय दिल से कहे  की आपका घर …घर नहीं मंदिर है….
ये है “धन”*👍

*मेरी प्रभु से प्रार्थना  हम सबको  ऐसे ही "परम धन” की प्राप्ति हो...*

शुक्रवार, 2 नवंबर 2018

*विज्ञान हमें कहां से कहां ले आया!!*

*पहले*:-वो कुँए का मैला पानी
पीकर भी 100 वर्ष जी लेते थे!
*अब* :-RO का शुद्ध पानी
पीकर 40वर्ष में बुढ़े हो रहे हैं!

*पहले*:-वो घानी का मैला तेल
खाके बुढ़ापे में मेहनत करते थे।
*अब*:-हम डबल-फ़िल्टर तेल
खाकर जवानी में हाँफ जाते हैं

*पहले*:-वो डेले वाला नमक
खाके बीमार ना पड़ते थे।
*अब*:-हम आयोडीन युक्त खाके
हाई-लो बीपी लिये पड़े हैं !

*पहले* :-वो नीम-बबूल,कोयला
नमक से दाँत चमकाते थे,और
80 वर्ष तक भी चबाके खाते थे
*अब*:-कॉलगेट सुरक्षा वाले
डेंटिस्ट के चक्कर लगाते हैं!

*पहले* :-वो नाड़ी पकड़कर
रोग बता देते थे
*अब*:-आज जाँचे कराने
पर भी रोग नहीं जान पाते हैं!

*पहले*:-वो 4-5बच्चे जन्मने
वाली माँ 80वर्ष की अवस्था में
भी खेत का काम करती थी।
*अब* :-पहले महीने से डॉक्टर
की देख-रेख में रहते हैं |फिर भी
बच्चे पेट फाड़कर जन्मते हैं!

*पहले* :-काले गुड़ की मिठाइयां
ठोक-ठोक के खा जाते थे !
*अब*:-खाने से पहले ही
शुगर की बीमारी हो जाती है!

*पहले* :-बुजुर्गों के भी
घुटने नहीं दुखते थे !
*अब* :-जवान भी घुटनों
और कमर दर्द से कहराता है!

*पहले*:- 100w के बल्ब
जलाते थे तो बिजली का बिल
200 रुपये आता था !
*अब*:-9w की c.f.l में
2000 का बिल आता है!

*आखिर समझ मे नहीं आता ये*
*विज्ञान का युग है या अज्ञान का?*

*एकान्त मे शान्त चित से पढ़ें  "ये ही सत्य हैं"

*Qus→   जीवन का उद्देश्य क्या है ?*
Ans→  जीवन का उद्देश्य उसी चेतना को जानना है - जो जन्म और मरण के बन्धन से मुक्त है। उसे जानना ही मोक्ष है..!!

*Qus→  जन्म और मरण के बन्धन से मुक्त कौन है ?
Ans→  जिसने स्वयं को, उस आत्मा को जान लिया - वह जन्म और मरण के बन्धन से मुक्त है..!!

*Qus→  संसार में दुःख क्यों है ?*
Ans→  लालच, स्वार्थ और भय ही संसार के दुःख का मुख्य कारण हैं..!!

*Qus→  ईश्वर ने दुःख की रचना क्यों की ?*
Ans→  ईश्वर ने संसारकी रचना की और मनुष्य ने अपने विचार और कर्मों से दुःख और सुख की रचना की..!!

*Qus→  क्या ईश्वर है ? कौन है वे ? क्या रुप है उनका ? क्या वह स्त्री है या पुरुष ?*
Ans→   कारण के बिना कार्य नहीं। यह संसार उस कारण के अस्तित्व का प्रमाण है। तुम हो, इसलिए वे भी है - उस महान कारण को ही आध्यात्म में 'ईश्वर' कहा गया है। वह न स्त्री है और ना ही पुरुष..!!

*Qus→   भाग्य क्या है ?*
Ans→  हर क्रिया, हर कार्य का एक परिणाम है। परिणाम अच्छा भी हो सकता है, बुरा भी हो सकता है। यह परिणाम ही भाग्य है तथा आज का प्रयत्न ही कल का भाग्य है..!!

*Qus→   इस जगत में सबसे बड़ा आश्चर्य क्या है ?*
Ans→   रोज़ हजारों-लाखों लोग मरते हैं और उसे सभी देखते भी हैं, फिर भी सभी को अनंत-काल तक जीते रहने की इच्छा होती है..इससे बड़ा आश्चर्य ओर क्या हो सकता है..!!

*Qus→   किस चीज को गंवाकर मनुष्यधनी बनता है ?*
Ans→   लोभ..!!

*Qus→   कौन सा एकमात्र उपाय है जिससे जीवन सुखी हो जाता है?*
Ans →   अच्छा स्वभाव ही सुखी होने का उपाय है..!!

*Qus →   किस चीज़ के खो जानेपर दुःख नहीं होता ?*
Ans →   क्रोध..!!

*Qus→   धर्म से बढ़कर संसार में और क्या है ?*
Ans →   दया..!!

*Qus→   क्या चीज़ दुसरो को नहीं देनी चाहिए ?*
Ans→   तकलीफें, धोखा..!!

*Qus→   क्या चीज़ है, जो दूसरों से कभी भी नहीं लेनी चाहिए ?*
Ans→   इज़्ज़त, किसी की हाय..!! 

*Qus→   ऐसी चीज़ जो जीवों से सब कुछ करवा सकती है?*
Ans→   मज़बूरी..!!

*Qus→   दुनियां की अपराजित चीज़ ?*
Ans→  सत्य..!!

*Qus→ दुनियां में सबसे ज़्यादा बिकने वाली चीज़ ?*
Ans→   झूठ..!!

*Qus→   करने लायक सुकून काकार्य ?*
Ans→ परोपकार..!!

*Qus→   दुनियां की सबसे बुरी लत ?*
Ans→ मोह..!!

*Qus→   दुनियां का स्वर्णिम स्वप्न ?*
Ans→   जिंदगी..!!

*Qus→   दुनियां की अपरिवर्तनशील चीज़ ?*
Ans→   मौत..!!

*Qus→   ऐसी चीज़ जो स्वयं के भी समझ ना आये ?*
Ans→   अपनी मूर्खता..!!

*Qus→   दुनियां में कभी भी नष्ट/ नश्वर न होने वाली चीज़ ?*
Ans→   आत्मा और ज्ञान..!!

*Qus→   कभी न थमने वाली चीज़ ?*
Ans→   समय..

बुधवार, 31 अक्टूबर 2018

मम्मा कहाँ है ? ? ? ? ....

मम्मा को दिखा दो . . . .
मम्मा को देख लूँ . . . . . . . .
मम्मा कहाँ गयी . . .
उम्र - दो साल

मम्मी . . .कहाँ हो ? ?
मैं स्कूल जाऊँ . . . . .
अच्छा bye
मुझे आपकी याद आती है स्कूल में
उम्र - चार साल

मम्मा . . . .
लव यू
आज टिफिन में क्या भेजोगी ?
मम्मा स्कूल में बहुत होम वर्क मिला है
उम्र - आठ साल

पापा मम्मा कहाँ है ? ? ?
स्कूल से आते ही मम्मी नहीं दिखती तो अच्छा नहीं लगता
उम्र - बारह साल

मम्मी आप पास बैठो ना
खूब सारी बातें करनी है आपसे
उम्र - चौदह साल

ओफ्फो मम्मी
समझो ना . . . .
आप पापा से कह दो ना आज पार्टी में जाने दें
उम्र - अठारह साल

क्या माँ . . . . ज़माना बदल रहा है
आपको कुछ नहीं पता
समझते ही नहीं हो
उम्र - बाईस साल

माँ . . . माँ . .
जब देखो नसीहतें देती रहती हो
मैं दुध पीता बच्चा नहीं
उम्र - पच्चीस साल

माँ . . . . वो मेरी पत्नी है
आप समझा करो ना . . .
आप अपनी मानसिकता बदलो
उम्र - अठाईस साल

माँ . . . . वो भी माँ है
उसे आता हैं बच्चों को सम्भालना
हर बात में दखलंदाजी नहीं किया करो
उम्र - तीस साल

और उस के बाद . . . .
माँ को कभी पूछा ही नहीं . .
माँ कब बूढ़ी हो गयी पता ही नहीं उसे

माँ तो आज भी वो ही हैं . . .
बस उम्र के साथ बच्चों के अंदाज़ बदल जाते हैं . .

फ़िर एक दिन . . . . .
माँ . . . माँ . . . . . चुप क्यों हो? ? ? ?
बोलो ना . . .
पर माँ नहीं बोलती . . . .
खामोश हो गयी
उम्र - पचास साल

माँ . . . दो साल से पचास साल के इस परिवर्तन को समझ ही नहीं पायी . .
क्योंकि माँ के लिये तो पचास साल का भी प्रौढ़ भी बच्चा ही हैं . . . .वो बेचारी तो अंत तक बेटे की छोटी सी बीमारी पर वैसे ही तड़प जाती जैसे उस के बचपन में तडपती थी....

और बेटा...माँ के जाने पर ही जान पाता है कि उसने क्या अनमोल खजाना खो दिया......

ज़िन्दगी बीत जाती है, कुछ अनकही और अनसुनी बातें बताने कहने के लिए, माँ का सदा आदर सत्कार करें,उन्हें भी समझें और कुछ अनमोल वक्त उनके साथ भी बिताएं क्योंकि वक्त गुज़र जाता है , लेकिन माँ कभी वापिस नहीं मिलती
Dedicated to all mothers